जोहार हिंदुस्तान | नई दिल्ली/गाजियाबाद: करीब तीन दशक पुराने बहुचर्चित अपहरण और हत्या मामले में दिल्ली पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। वर्ष 1995 में 13 वर्षीय संदीप बंसल के अपहरण और हत्या के मामले में दोषी ठहराए गए सलीम उर्फ सलीम वास्तिक को पुलिस ने गाजियाबाद स्थित उसके आवास से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था।
मिली जानकारी के अनुसार, 20 जनवरी 1995 को दिल्ली में व्यापारी के 13 वर्षीय बेटे संदीप बंसल का अपहरण कर लिया गया था। फिरौती की मांग पूरी नहीं होने पर उसकी हत्या कर दी गई थी। इस जघन्य अपराध में संलिप्त सलीम को वर्ष 1997 में अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई थी। हालांकि, वर्ष 2000 में पैरोल पर बाहर आने के बाद वह फरार हो गया और तब से लगातार पुलिस की गिरफ्त से बाहर था।
बताया जाता है कि फरारी के दौरान सलीम ने अपनी पहचान बदलते हुए गाजियाबाद में शरण ली और वहीं बस गया। शुरुआती दिनों में उसने निर्माण कार्य से जुड़ा काम किया और बाद में धार्मिक गतिविधियों से भी जुड़ गया। बीते कुछ वर्षों में उसने अपने नाम के साथ “वास्तिक” जोड़ लिया और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर सक्रिय हो गया, जहां वह हाल ही में गाजियाबाद में उस पर हुए हमले के बाद वह एक बार फिर चर्चा में आया। इसी दौरान दिल्ली पुलिस को उसके पुराने आपराधिक रिकॉर्ड के संबंध में महत्वपूर्ण सुराग मिले। जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने उसकी पहचान की पुष्टि की और उसकी गतिविधियों पर नजर रखी।
जैसे ही आरोपी की स्थिति सामान्य हुई, दिल्ली पुलिस की टीम ने गाजियाबाद पुलिस के समन्वय से उसके ठिकाने पर छापेमारी की और उसे उसके आवास से गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल आरोपी को दिल्ली लाया गया है, जहां उसे संबंधित अदालत में पेश किया जाएगा और आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इतने वर्षों बाद आरोपी की गिरफ्तारी एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है और इससे पीड़ित परिवार को न्याय मिलने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। मामले की विस्तृत जांच जारी है और आरोपी से पूछताछ के आधार पर अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।