जोहार हिंदुस्तान | लोहरदगा/झारखंड : नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित ट्रेड डील विरोधी प्रदर्शन में भाग लेने के बाद लोहरदगा युवा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष दानिश अली जिले लौट आए हैं। लोहरदगा पहुंचते ही उन्होंने कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए स्पष्ट कहा कि जनता के हक और अधिकारों की लड़ाई किसी भी कीमत पर नहीं रुकेगी।
जिलाध्यक्ष दानिश अली ने अपने संबोधन में कहा कि संघर्ष की राह कठिन जरूर है, लेकिन लोहरदगा युवा कांग्रेस इससे पीछे हटने वाली नहीं है। उन्होंने कहा कि “सच और न्याय की जो लड़ाई हमने शुरू की है, उसे हर हाल में अंजाम तक पहुंचाया जाएगा। चाहे कितनी भी बाधाएं आएं, हमारा कदम पीछे नहीं हटेगा।”
दिल्ली आंदोलन के अनुभव
दिल्ली में हुए आंदोलन के अनुभवों को साझा करते हुए उन्होंने बताया कि देशभर से आए युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने लोकतंत्र और जन-अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद की। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन केवल एक विरोध नहीं, बल्कि जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए एक मजबूत संदेश है।
दानिश अली ने केंद्र सरकार की नीतियों पर निशाना साधते हुए कहा कि यदि जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए गिरफ्तारी भी देनी पड़े, तो युवा कांग्रेस का एक-एक कार्यकर्ता इसके लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि यह संघर्ष तब तक जारी रहेगा, जब तक आम लोगों को न्याय नहीं मिल जाता।
आंदोलन को और तेज करने का ऐलान
उन्होंने कहा कि लोहरदगा युवा कांग्रेस की पूरी टीम अन्याय के खिलाफ एकजुट है और आने वाले दिनों में इस आंदोलन को और धार दी जाएगी। उन्होंने स्थानीय युवाओं से अपील करते हुए कहा कि वे आगे आएं और इस जन-आंदोलन का हिस्सा बनकर अपने अधिकारों की रक्षा के लिए आवाज उठाएं।
दानिश अली के इस बयान के बाद जिले के राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। उनके तेवर से साफ संकेत मिल रहा है कि आने वाले समय में लोहरदगा में राजनीतिक गतिविधियां और तेज हो सकती हैं।