जोहार हिंदुस्तान | लोहरदगा: झारखंड पठारी चंदवा लोहरदगा ट्रक ओनर एसोसिएशन की संचालन समिति एवं माइंस सांसद प्रतिनिधियों ने आज ऊपरपाठ क्षेत्र के विभिन्न माइंसों का युद्धस्तर पर दौरा किया। समिति ने हिंडाल्को कंपनी द्वारा संचालित कुज़ाम माइंस, चिरूडीह माइंस, गुरदारी माइंस एवं व्यवसायी ज्ञानचंद अग्रवाल द्वारा संचालित प्राइवेट माइंस का व्यापक निरीक्षण किया।
ज्ञानचंद अग्रवाल संचालित माइंस में समस्याओं की भरमार
निरीक्षण के दौरान ट्रक मालिकों ने बताया कि ट्रांसपोर्टिंग संबंधी कई महत्वपूर्ण मुद्दे लंबे समय से लंबित हैं।
माइंस स्टाफ और ड्राइवरों से वार्ता कर समिति ने आश्वस्त किया कि सभी समस्याएं औपचारिक रूप से ज्ञानचंद अग्रवाल तक पहुंचाई जाएंगी और समाधान की दिशा में ठोस पहल की जाएगी।
कुज़ाम माइंस: लंबे इंतजार के बाद फिर शुरू हुई ट्रिप
हिंडाल्को प्रबंधन से मुलाकात में समिति को बताया गया कि कुछ महीनों से ट्रक मालिकों को ट्रिप नहीं मिल पा रही थी, लेकिन अब स्थिति में सुधार हुआ है। वर्तमान में A, B, C ग्रुप के माध्यम से प्रतिदिन 30–35 गाड़ियों को लोडिंग दी जा रही है।
संचालन समिति के दबाव के बाद माइंस प्रबंधक ने आश्वासन दिया किअब 49–49 गाड़ियों को ग्रुप-वाइज टोकन देकर ट्रिप दी जाएगी।अगले माह से एग्रीमेंट के अनुसार नियमित ट्रिप पुनः बहाल की जाएगी।
चिरूडीह माइंस: बार-बार होने वाली समस्याओं पर तीखी आपत्ति
समिति ने चिरूडीह माइंस में चल रही नियमित समस्याओं पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि अगर ड्राइवर से गलती होती है तो गाड़ी को रोकने जैसी सजा समझ में आती है,
लेकिन किसी भी परिस्थिति में ट्रक मालिकों से माफीनामा लिखवाना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
समिति ने साफ कहा कि अगर स्टाफ गलती करता है तो कार्रवाई उसमें भी होनी चाहिए।
गुरदारी माइंस: वर्षों से ट्रिप नहीं, स्थिति बदतर
गुरदारी माइंस के निरीक्षण के बाद समिति ने GM प्रदीप भालेकर व प्रबंधक से विस्तृत बातचीत की।
समिति ने बताया कि पिछले कई वर्षों से कई ट्रक मालिकों को एक भी ट्रिप नहीं मिली। कंपनी ने एग्रीमेंट के समय स्थिति सुधारने का वादा किया था, लेकिन वादा पूरा नहीं किया गया।
GM भालेकर ने बताया कि गुरदारी माइंस के जमीन संबंधित कार्य पूरे हो चुके हैं, और बहुत जल्द एग्रीमेंट के अनुसार ट्रिप बहाल की जाएगी।
फिटनेस–परमिट पर बड़ी राहत
समिति ने फिटनेस और परमिट संबंधी समस्याओं पर भी गंभीर चिंता जताई।
इस पर कंपनी ने स्पष्ट किया कि यदि किसी ट्रक की फिटनेस फेल हो जाती है और रिसीट कटवा ली जाती है, तो ऑनलाइन फिटनेस रसीद को माइंस में मान्यता दी जाएगी।
जिन गाड़ियों की परमिट लंबित है, उन्हें भी अस्थायी तौर पर ट्रिप दी जाएगी, लेकिन ट्रक मालिक जल्द-से-जल्द कागज पूरा कर लें।
निरीक्षण में शामिल अधिकारी व प्रतिनिधि
आज के दौरे में संचालन समिति के प्रमुख सदस्य शामिल रहे:
इरशाद अहमद, अनवर अंसारी, काजू कुरैशी, संजू जी, संजय कुमार, संतोष साहू, मंटू कुमार, खुर्शीद आलम, साजिद खान, असीम बबलू, आजाद खान, नौशाद खान, माजिद चौधरी, जसीम खान, बरकत अंसारी, रफीक मियां, कृष्ण चीक, अनमोल टोप्पो सहित कई सदस्य उपस्थित थे।
