जोहार हिंदुस्तान | लोहरदगा/झारखंड : हजरत बाबा दुखन शाह (र.अ.) का चार दिवसीय 101वां सालाना उर्स मुबारक आगामी 12 जनवरी से शुरू होकर 15 जनवरी तक मनाया जाएगा। उर्स की शुरुआत 12 जनवरी को परचम कुशाई के साथ की जाएगी। इस अवसर पर बड़ी संख्या में अकीदतमंदों के शामिल होने की उम्मीद है।
उर्स के दूसरे दिन 13 जनवरी को सुबह 10 बजे से असर की नमाज तक केरत व नातिया ईनामी मुकाबला आयोजित किया जाएगा, जिसमें जिले एवं आसपास के क्षेत्रों से प्रतिभागी भाग लेंगे।
14 जनवरी की अहले सुबह 3 बजे गुसुल संदल का आयोजन होगा, जबकि सुबह 6 बजे चादरपोशी की रस्म अदा की जाएगी। इसके साथ ही सुबह से कुरआन ख्वानी की शुरुआत होगी। दोपहर जोहर की नमाज के बाद लंगरखानी का आयोजन किया जाएगा, जिसमें सभी के लिए व्यवस्था रहेगी।
उर्स के दौरान 14 और 15 जनवरी की रात महफिल-ए-कव्वाली का विशेष आयोजन किया गया है। 14 जनवरी की रात मुंबई के मशहूर इंटरनेशनल जीटीवी कव्वाल साबरी नेसार जानी और कर्नाटक से आए प्रसिद्ध कव्वाल चिस्ती मुराद आतिश अपनी प्रस्तुति देंगे। वहीं 15 जनवरी की रात नई दिल्ली के इंटरनेशनल कव्वाल उस्ताद चांद कादरी के बीच शानदार कव्वाली मुकाबला होगा, जिसे लेकर अकीदतमंदों में खासा उत्साह देखा जा रहा है।
15 जनवरी को असर की नमाज के बाद ईद मिलादुन्नबी का आयोजन किया जाएगा तथा तबर्रूक तकसीम की जाएगी। उर्स के सभी कार्यक्रम रूहानी माहौल में अकीदत और एहतराम के साथ संपन्न होंगे।
उर्स मुबारक के संरक्षक के रूप में जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं, जिनमें लोहरदगा के उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी, पुलिस कप्तान, अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, डीएसपी मुख्यालय, सदर अंचलाधिकारी, नगर परिषद प्रशासक सहित जिले के विभिन्न थाना प्रभारी संरक्षक के रूप में जुड़े हुए हैं।
उर्स को सफल बनाने के लिए उर्स इंतेजामिया कमिटी एवं अंजुमन इस्लामिया से जुड़े सदस्य और नौजवान दिन-रात तैयारियों में जुटे हुए हैं। उर्स के दौरान आने वाले जायरीनों की सुविधा, शांति व्यवस्था और बेहतर इंतजाम को लेकर विशेष तैयारी की गई है।
