जोहार हिंदुस्तान | हैदराबाद : सऊदी अरब के मदीना के पास उमरा के लिए जा रहे भारतीय तीर्थयात्रियों की बस के भीषण हादसे ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। तेल टैंकर से बस की जोरदार टक्कर के बाद लगी आग में 42 से अधिक भारतीय मारे गए, जिनमें से अधिकांश हैदराबाद और तेलंगाना के अन्य जिलों से थे। सरकार ने अब बड़ा फैसला लेते हुए मृतकों का अंतिम संस्कार मदीना में ही धार्मिक रीति-रिवाजों के अनुसार कराने का निर्णय लिया है।
कैसे हुआ हादसा — एक भयानक मंजर
बस मक्का से मदीना जा रही थी, जिसमें भारतीय तीर्थयात्री उमरा के लिए यात्रा कर रहे थे।
रास्ते में एक तेज रफ्तार डीज़ल टैंकर ने बस को जोरदार टक्कर मारी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि कुछ ही सेकंड में बस आग की लपटों में बदल गई।
कई यात्रियों को बाहर निकलने का मौका नहीं मिल सका और बस के अंदर ही दर्दनाक मौत हो गई।
मृतकों में महिलाओं और बच्चों की संख्या भी बड़ी है
हैदराबाद के एक ही परिवार के 18 सदस्य — तीन पीढ़ियाँ — इस हादसे में मारे गए।
अंतिम संस्कार सऊदी में ही— तेलंगाना कैबिनेट का बड़ा फैसला
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने आपात कैबिनेट बैठक में निम्न महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं।
मृतकों के शव भारत नहीं लाए जाएंगे, सऊदी सरकार के दिशानिर्देश और परिवारों की सहमति के आधार पर, सभी तीर्थयात्रियों का जनाज़ा और दफन मदीना में ही किया जाएगा, जैसा कि इस्लामिक परंपरा में पवित्र माना जाता है।
हर मृतक के परिवार को 5 लाख का मुआवजा, सरकार ने घोषणा की है कि सभी मृतकों के परिवारों को 5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। दो-दो परिजन सऊदी भेजे जाएंगे
हर पीड़ित परिवार से कम से कम दो सदस्यों को मदीना भेजने की व्यवस्था तेलंगाना सरकार करेगी ताकि वे अंतिम संस्कार में शामिल हो सकें।
हाई-लेवल प्रतिनिधिमंडल सऊदी रवाना
सरकार ने निर्णय लिया है कि इस पूरे संवेदनशील ऑपरेशन की निगरानी के लिए
अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री मोहम्मद अजहरुद्दीन के नेतृत्व में एक सरकारी प्रतिनिधिमंडल भी मदीना जाएगा।
शवों की पहचान— डीएनए टेस्ट की तैयारी
कई शव गंभीर रूप से जले होने के कारण उनकी पहचान करना मुश्किल है।
भारत और सऊदी अधिकारी मिलकर डीएनए मैचिंग के जरिए मृतकों की पहचान सुनिश्चित कर रहे हैं।
हैदराबाद में कंट्रोल रूम स्थापित
तेलंगाना सरकार ने तत्काल प्रभाव से हज हाउस, हैदराबाद में एक कंट्रोल रूम स्थापित किया है, जहां से परिवारों को हर अपडेट दिया जा रहा है
दस्तावेज़ और पासपोर्ट संबंधी प्रक्रिया पूरी कराई जा रही है। सऊदी जाने वाले परिजनों का वेरिफिकेशन किया जा रहा है
भारत सरकार और दूतावास की सक्रिय भूमिका
सऊदी अरब में भारतीय दूतावास राहत-कार्य में जुटा है।
मृतकों के अंतिम संस्कार, पहचान और परिजनों की यात्रा की प्रक्रिया दूतावास के माध्यम से की जा रही है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री ने घटना पर गहरा दुःख व्यक्त किया है।
