जोहार हिंदुस्तान | लोहरदगा: झारखंड के महानायक धरती आबा बिरसा मुंडा की जयंती एवं झारखंड राज्य के 25वें स्थापना दिवस के अवसर पर आज विधायक कार्यालय, बरवा टोली लोहरदगा में श्रद्धांजलि एवं विचार गोष्ठी कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत लोहरदगा विधायक डॉ रामेश्वर उरांव द्वारा भगवान बिरसा मुंडा के चित्र पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित कर की गई।
इसके बाद विचार गोष्ठी में बिरसा मुंडा की जीवनी, वीरगाथा और उनके इतिहास-निर्माणकारी योगदान पर विस्तृत चर्चा की गई।
विचार गोष्ठी को संबोधित करते हुए स्थानीय विधायक डॉ. रामेश्वर उराँव ने कहा कि धरती आबा बिरसा मुंडा की विचारधारा, संघर्ष, और प्रेरणा ने झारखंड अलग राज्य की मांग को मजबूत आधार दिया। उन्होंने आदिवासी समाज को पहचान, संस्कृति और अधिकारों के प्रति जागरूक किया। जल, जंगल, जमीन की लड़ाई और ब्रिटिश सरकार व दिकुओं के अत्याचारों के विरुद्ध चलाया गया उनका ‘उलगुलान’ आज भी हमें प्रेरित करता है। हमे धरती आबा और सभी अमर बलिदानियों के संघर्ष को कभी नहीं भूलना चाहिए।”
उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा ने शोषित-पीड़ित समाज में राजनीतिक चेतना पैदा की और जनहित की लड़ाई को दिशा दी, जिसकी परिणति झारखंड राज्य के रूप में देखने को मिली।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने दी उपस्थिति
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि, महिला मंडल, युवा प्रतिनिधि तथा विभिन्न समुदायों के लोग शामिल हुए।
उपस्थित प्रमुख लोगों में विधायक प्रतिनिधि निशीथ जायसवाल, रोहित उराँव, सामूल अंसारी, हाजी अफ़सर क़ुरैशी, महिला कांग्रेस अध्यक्ष सीमा परवीन, विशाल डुंगडुंग, ठाकुर प्रसाद, सत्यदेव भगत, विनोद खेरवार, असलम अंसारी, इकरामूल अंसारी, रौनक़ इक़बाल, हाजी सिकंदर अंसारी, सेराजुल अंसारी, संजय नायक, सज्जाद अंसारी, रणजीत नायक, विरेंदर उराँव, मंगलेश्वर उराँव, हफ़ीज़ूल अंसारी, अंसार अहमद, काले उराँव, लालू उराँव, हरिदास उराँव, समीम अंसारी, मनीष उराँव, भद्र उराँव, इंदरदीप तिग्गा, मंसूर अंसारी, इमरोज अंसारी, शशि कांत उराँव, गंगा उराँव, अभिषेक कुमार, नकुल उराँव, भंडारी उराँव, जमील अंसारी, जैनुल अंसारी, सुशील उराँव, अल्ताफ़ अंसारी, अवधेश साहू, रणजीत महली, अल्तमस कबीर, समंगलेश्वर उराँव, इक़बाल ख़ान, चमरा उराँव, मोईज अंसारी, जसीम अंसारी, सरिता देवी, सुशीला देवी, मुनिया उराँव, मुन्नी उराँव, जगमानी उराँव, अनिमा कुजूर, शशि उराँव, बिमला भगत, सरिता कच्छप, ललकारेन एक्का, बबीता देवी, लालमुनि देवी, सुनीता उराँव, तारामनी उराँव, मनीष शर्मा, राजा अंसारी सहित अन्य ग्रामीण एवं गणमान्य लोग।
